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Weather Update News….आज प्रदेश के पांच जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज Alert|Click कर पढ़िये पूरी News

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सिटी लाइव टुडे, मीडिया हाउस

देहरादून: उत्तराखंड में मौसम का बदला मिजाज फिलहाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। राज्य में लगातार हो रही भारी बारिश, आकाशीय बिजली, ओलावृष्टि और तेज हवाओं के चलते मौसम विभाग ने गंभीर चेतावनी जारी की है। इसे देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह मुस्तैद हो गया है और संबंधित अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए गए हैं।

इन जिलों के लिए जारी हुआ ‘ऑरेंज अलर्ट’

मौसम विभाग ने आज (शुक्रवार) बागेश्वर, पिथौरागढ़, नैनीताल और चंपावत समेत पांच जिलों के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन जिलों के अलावा चमोली में भी गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने, ओलावृष्टि होने और 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। राज्य के बाकी अन्य जिलों के लिए येलो अलर्ट घोषित किया गया है।

उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना

मौसम के इस बदले रुख का असर पहाड़ों की ऊंची चोटियों पर भी साफ देखने को मिल रहा है। प्रदेश के 3,200 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के भी पूरे आसार हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, दो नवंबर तक पूरे प्रदेश में मौसम का मिजाज इसी प्रकार बना रहने की संभावना है।

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आपदा प्रबंधन विभाग की हाई-लेवल बैठक, अधिकारियों को सख्त निर्देश

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आपदा प्रबंधन सचिव विनोद कुमार सुमन ने जिलाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की है।

  • चारधाम यात्रा पर विशेष फोकस: सचिव ने चारधाम यात्रा मार्गों पर यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि बताते हुए विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। खराब मौसम या किसी भी खतरे की आशंका होने पर यात्रियों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर रोकने के आदेश दिए गए हैं।
  • राहत एवं बचाव दल तैनात: उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पर्यटकों की आवाजाही पर कड़ी नजर रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए राहत एवं बचाव दलों को पूरी तरह तैयार रखा गया है।
  • जनता से अपील: प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों को हल्के में न लें। खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें तथा नदी-नालों, जलधाराओं और भूस्खलन (लैंडस्लाइड) संभावित क्षेत्रों के आसपास जाने से पूरी तरह परहेज करें।

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