Laldhang News. झूला पुल की मांग पर अड़े ग्रामीण, प्रशासन के आश्वासन के बावजूद धरना जारी|गीता जोशी की Report

सिटी लाइव टुडे, मीडिया हाउस
हरिद्वार: प्रशासन के लाख आश्वासनों के बावजूद हरिद्वार में ग्रामीणों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा है। झूला पुल के स्थान पर बनाने के प्रस्ताव के बाद भी ग्रामीणों ने जब तक निर्माण कार्य शुरू नहीं होता, तब तक अपना धरना जारी रखने का ऐलान किया है।

मुख्य बिंदु
- प्रशासन का आश्वासन: उपजिलाधिकारी (SDM) हरिद्वार योगेश मेहरा ने ग्रामीणों को अवगत कराया कि मांग के अनुसार स्टील गर्डर पुल का प्राकलन (Estimate) तैयार किया जा रहा है।
- क्लीयरेंस मिली: भूमि हस्तांतरण और वन विभाग की ओर से जरूरी एनओसी/क्लीयरेंस मिल चुकी है।
- अगला कदम: इसी माह के अंत तक पुल की फाइल शासन को भेज दी जाएगी।
- जनप्रतिनिधि की दो टूक: जिला पंचायत सदस्य बृज मोहन पोखरियाल ने कहा कि प्रशासन जनहित को देखते हुए त्वरित कार्रवाई कर निर्माण शुरू कराए, ग्रामीण खुद-ब-खुद धरना समाप्त कर देंगे।

- मौके पर पहुंचे अधिकारी
मामले की गंभीरता को देखते हुए लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिशासी अभियंता योगेश कुमार और जेई अतुल राणा अपने पूरे अमले के साथ धरना स्थल पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया।
मातृ शक्ति की भारी मौजूदगी
धरने पर बैठे ग्रामीणों और महिलाओं का कहना है कि वे सिर्फ मौखिक आश्वासनों से संतुष्ट नहीं होंगे, बल्कि ज़मीन पर काम शुरू होने के बाद ही उनका आंदोलन थमेगा।
इस दौरान पंकज चमोली, ऋषिपाल, ओमप्रकाश, दीपक जखमोला, आलोक द्विवेदी, एम.एस. उप्रेती, माया देवी, परमेश्वरी देवी सहित भारी संख्या में मातृ शक्ति (महिलाएं) उपस्थित रहीं।

