Aiims News…. ‘ सर्जरी के दौरान मरीज की सुरक्षा एनेस्थीसियोलॉजिस्ट की सबसे बड़ी जिम्मेदारी’, नुक्कड़ नाटक और सीपीआर प्रशिक्षण से फैलाया जागरूकता का संदेश|विकास श्रीवास्तव की Report

ऋषिकेश / संवाददाता
एम्स ऋषिकेश के एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग द्वारा सर्जिकल देखभाल के दौरान रोगियों की सुरक्षा को लेकर एक व्यापक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि एनेस्थीसिया डॉक्टरों का काम केवल मरीज को बेहोश करना ही नहीं, बल्कि सर्जरी से पहले, प्रक्रिया के दौरान और सर्जरी के बाद होश में आने तक जीवन रक्षा की पूरी जिम्मेदारी निभाना होता है।
ओपीडी में नुक्कड़ नाटक से दूर कीं भ्रांतियां
संस्थान के ओपीडी क्षेत्र में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में नुक्कड़ नाटक के माध्यम से एनेस्थीसिया को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों को दूर किया गया। चिकित्सकों ने बताया कि एनेस्थीसियोलॉजिस्ट मरीज की प्रारंभिक जांच, जोखिम आंकलन, मानसिक तैयारी, प्रक्रिया के दौरान सुरक्षित बेहोशी, लाइफ सपोर्ट, मॉनिटरिंग, आपातकालीन स्थिति के प्रबंधन और सर्जरी के बाद दर्द निवारण तक में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

“एनेस्थीसिया पर्दे के पीछे की नहीं, मुख्यधारा की शाखा है” — प्रो. मीनू सिंह
विभाग के एक अन्य कार्यक्रम में एम्स ऋषिकेश की कार्यकारी निदेशक प्रो. मीनू सिंह ने ऑपरेशन थिएटर, आईसीयू और पेरिफेरल सेवाओं में विभाग के कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा, “एनेस्थीसिया पर्दे के पीछे की शाखा नहीं, बल्कि चिकित्सीय पद्धति की मुख्यधारा की एक विशेष शाखा है।”
इस अवसर पर प्रो. अंकित अग्रवाल ने वर्ष 2013 से अब तक की विभाग की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की, जबकि विभागाध्यक्ष प्रो. संजय अग्रवाल ने शैक्षणिक गतिविधियों, शोध कार्यों और भावी योजनाओं की जानकारी दी। कार्यक्रम को डीन एकेडमिक प्रो. सौरभ वार्ष्णेय और चिकित्सा अधीक्षक प्रो. पुनीत धमीजा ने भी संबोधित किया।
छात्रों को मिला सीपीआर प्रशिक्षण व विभिन्न प्रतियोगिताएं
जागरूकता अभियान के तहत रेड फोर्ट स्कूल के विद्यार्थियों को हैंड्स-ऑन सीपीआर (CPR) का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। इसके अलावा स्टोन पेंटिंग, रील मेकिंग, पोस्टर मेकिंग, क्विज तथा सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी सफल आयोजन किया गया।

इस दौरान डॉ. अंकित, डॉ. निकिता चौधरी, डॉ. कोनिका चित्तोरिया, डॉ. नरेंद्र, डॉ. शरण्या, मकसूद, राम नारायण, निखिल और सुश्री अंकिता सहित विभाग के कई चिकित्सक व कर्मचारी उपस्थित रहे।
📌 समाचार के मुख्य बिंदु (Highlights):
- आयोजक: एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग, एम्स ऋषिकेश।
- मुख्य संदेश: एनेस्थीसियोलॉजिस्ट केवल बेहोश नहीं करते, बल्कि सर्जरी के हर चरण में मरीज की सुरक्षा और लाइफ सपोर्ट संभालते हैं।
- विशेष गतिविधि: ओपीडी में नुक्कड़ नाटक, स्कूली छात्रों के लिए सीपीआर प्रशिक्षण तथा स्टोन पेंटिंग, रील/पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिताएं।
